ऐसा समाज, जहाँ कोई
अकेला न हो
देशभर में मानवीय सहयोग का ऐसा सेवा-नेटवर्क विकसित करने की कल्पना, जहाँ गंभीर बीमारी अथवा कठिन परिस्थिति से जूझ रहे जरूरतमंद परिवारों को सम्मान, संवेदना, मार्गदर्शन और उपलब्ध सहयोग मिल सके।
पूरे देश में संवेदनशील लोगों को जोड़ते हुए जरूरतमंदों तक उम्मीद पहुँचाने की सोच।
देशभर में मानवीय सहयोग का ऐसा सेवा-नेटवर्क विकसित करने की कल्पना, जहाँ गंभीर बीमारी अथवा कठिन परिस्थिति से जूझ रहे जरूरतमंद परिवारों को सम्मान, संवेदना, मार्गदर्शन और उपलब्ध सहयोग मिल सके।
सहयोग की भावना रखने वाले व्यक्तियों को जोड़ना, जरूरतमंदों की समस्याओं को समझना, सहायता संबंधी उपयोगी जानकारी साझा करना और संभव संसाधनों को सही लोगों तक पहुँचाने का प्रयास करना।
हमारा मानना है कि किसी जरूरतमंद तक मदद पहुँचाने की प्रक्रिया भी उतनी ही महत्वपूर्ण है जितनी स्वयं सहायता।
माधव सेना